{"product_id":"only-politics","title":"केवल राजनीति","description":"\u003cp\u003eएक रेगिस्तानी राज्य के राजा को एक बार सपने में सभी ऊंटों को हंसते हुए देखा।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eराजा ने विद्वानों की सभा बुलाई और पूछा, 'ऊंट क्यों हंसे?'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eविद्वानों ने कहा, 'ऊंट नहीं हंसते, महाराज, केवल मनुष्य ही हंसते हैं।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eराजा ने आश्चर्य से पूछा, 'तो क्या मेरे राज्य में मेरे सभी नागरिक हंसते हैं?'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eइस पर विद्वानों ने समझाया, 'मनुष्यों का हंसना एक स्वाभाविक प्रवृत्ति है।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eअगले दिन राजा ने फिर से विद्वानों की सभा बुलाई और कहा, 'कल रात मुझे सपने में मेरे सभी नागरिक रोते हुए दिखे।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eविद्वानों ने समझाया, 'मनुष्यों का रोना भी एक स्वाभाविक प्रवृत्ति है।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eतीसरे दिन राजा ने उन्हीं विद्वानों की सभा बुलाई और कहा, 'मुझे सपने में मेरे सभी नागरिक हंसते हुए और सभी ऊंट रोते हुए दिखे।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eअब विद्वानों ने राजा को एक सलाह दी, 'महाराज, पहले आप हंसना सीखिए। फिर रोना सीखिए। यदि आप हंसने और रोने का तिरस्कार करते हैं, तो आप राज्य पर कैसे शासन करेंगे? यदि आप हंसेंगे तो ऊंट नहीं हंसेंगे, यदि आप रोएंगे तो नागरिक नहीं रोएंगे।'\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eयह पुस्तक इस युग के राजा और नागरिकों की कहानियों का संग्रह है।\u003c\/p\u003e","brand":"Beetle Book Shop","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":47296011010331,"sku":"","price":180.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0686\/2150\/0699\/files\/only-politics-3347487.jpg?v=1767535267","url":"https:\/\/beetlebookshop.com\/hi\/products\/only-politics","provider":"Beetle Book Shop","version":"1.0","type":"link"}