{"product_id":"lingayata-chaluvali-2017-18","title":"लिंगायत चळवळ 2017-18","description":"\u003cp\u003eइतिहास को यथारूप में दर्ज करना एक जागरूक नागरिक का कर्तव्य है। 2017-18 का लिंगायत आंदोलन एक सामाजिक-धार्मिक आंदोलन की राजनीतिक मान्यता के लिए सदियों से चले आ रहे आंदोलन के एक निरंतर हिस्से के रूप में एक क्रांति बन गया, जिसने मानवता में तर्क को जगाया और सफल हो रहे संघर्ष के उतार-चढ़ावों के विभिन्न चरणों को पाठक की आँखों के सामने अक्षरशः चित्रित करने की जादुई कला जी.बी. पाटिल को प्राप्त हुई है। यह मेरा कर्तव्य है, ग्लोबल लिंगायत महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में, इस कृति को बधाई देना, जो इस जन आंदोलन के इतिहास को दर्ज करती है, जो आने वाले दिनों में केंद्र सरकार से अल्पसंख्यक धर्म की मान्यता प्राप्त करने की कगार पर है। कर्नाटक सरकार ने लिंगायत धर्म को अल्पसंख्यक धर्म का दर्जा दिया है और इसे केंद्र सरकार की मंजूरी के लिए केंद्र को भेजा है। लगभग छह साल बाद 'ऐतिहासिक वृत्तचित्र' के रूप में इस ग्रंथ का प्रकाशन जी.बी. पाटिल की उपलब्धि का सिंहावलोकन और भविष्य की उपलब्धि का मार्गदर्शक है। लेखन का यह प्रयास न केवल लिंगायतों के लिए बल्कि सभी के लिए एक मार्गदर्शक दीपक है। मैं, जो उन्हें जानता हूँ, इस उपलब्धि से प्रसन्न हूँ और अपनी शुभकामनाएँ देता हूँ।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003e- बसवराज होरात्ती (सभापति, कर्नाटक विधान परिषद)\u003c\/p\u003e","brand":"BEETLE BOOK SHOP","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":50200216502555,"sku":"","price":405.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0686\/2150\/0699\/files\/lingayata-chaluvali-2017-18-3722711.jpg?v=1767528845","url":"https:\/\/beetlebookshop.com\/hi\/products\/lingayata-chaluvali-2017-18","provider":"Beetle Book Shop","version":"1.0","type":"link"}