{"product_id":"baduku-kattida-bagegalu","title":"बदुकु कट्टिदा बगेगळु","description":"डॉ. विवेक राय, जिनका जन्म 'पुणज' गाँव में हुआ था, का कार्यक्षेत्र कर्नाटक से भी आगे जर्मनी तक फैला हुआ है। सरल और सज्जन राय, दो विश्वविद्यालयों के कुलपति होने के बावजूद, आज भी उसी सादगी और विनम्रता को बनाए हुए हैं। उन्होंने मैंगलोर विश्वविद्यालय के कन्नड़ विभाग और तुलु अकादमी का निर्माण और विकास करके उन्हें एक नया रूप दिया है।\u003cbr\u003eइस कृति में भाषा-साहित्य-संस्कृति, दिवंगत लोगों की यादें नामक दो भागों में 39 अप्रकाशित लेख हैं। इन लेखों में राय की सांस्कृतिक चिंता और विनम्रता स्पष्ट रूप से दिखाई देती है। दक्षिण कन्नड़ के अधिकांश लोग मैसूर क्षेत्र के लोगों से परिचित नहीं होते हैं। ऐसे महान व्यक्तित्वों के बारे में राय के लेख उनके प्रति सम्मान और आश्चर्य पैदा करते हैं। ये अत्यंत आत्मीय और हृदयस्पर्शी व्यक्तिचित्र हैं। कई लेख कहानी की तरह पढ़े जाते हैं। पुस्तक को पूरा पढ़ने के बाद ऐसा लगता है जैसे दक्षिण कन्नड़ के सांस्कृतिक और साहित्यिक जगत का एक चक्कर लगाकर आए हों।\u003cbr\u003eडॉ. विवेक राय की साहित्यिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को अगली\u003cbr\u003eपीढ़ी के लिए मार्गदर्शक\u003cbr\u003eहोने जैसा है।\u003cbr\u003e- प्रकाश कंबत्तल्ली","brand":"BEETLE BOOK SHOP","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":47997733601563,"sku":"","price":315.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0686\/2150\/0699\/files\/baduku-kattida-bagegalu-9189337.png?v=1767534366","url":"https:\/\/beetlebookshop.com\/hi\/products\/baduku-kattida-bagegalu","provider":"Beetle Book Shop","version":"1.0","type":"link"}